एपीएस न्यूज संवाददाता रफी अहमद
लखीमपुर खीरी। बज़्म फ़रोगे अदब की जानिब से 25वां तरही मुशायरा मुकम्मल हुआ। मुशायरे की सदारत बज़्म फ़रोगे अदब के सदर आमिर रज़ा ने और निज़ात डॉ एहराज अरमान ने की। इस दौरान अपने सदारती खिताब में बज़्म फ़रोगे अदब के सदर आमिर रज़ा ने कहा कि बज़्म फ़रोगे अदब जल्द ही खीरी में एक और आलइंडिया मुशायरा कराएगी। इस दौरान उन्होंने अपना कलाम सुनाते हुए कहा- जब जब जां वो कहते है, जान वो मेरी लेते है। उमर हनीफ ने कहा – छोड़ रहे हो गांव उमर, शहर में घर क्या सस्ते है। नफीस वारसी ने कहा कि – कोई पुरसा हाल नहीं, कहने को दो बेटे हैं। सैय्यद सलमान अहमद रिज़वी ने कहा- ये जो रुख़ पर पर्दे हैं, इनके पीछे जलवे हैं।मुशायरे की निज़ामत कर रहे बज़्म के सिक्रेट्री डॉ एहराज अरमान ने कहा कि- तब तो गाल गुलाबी थे, अब वो जाने कैसे है। अय्यूब अंसारी ने कहा- जैसे भी है अच्छे है, बच्चे आख़िर बच्चे है। सैफुल इस्लाम ने कहा- शुक्र ख़ुदा का है बेहद, जैसे भी हैं अच्छे हैं। इस दौरान वहीद अहमद वाहिदी ने नातिया कलाम पेश किया। मुशायरा देर रात कामयाबी के साथ मुकम्मल हुआ।













